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China Covid-19: कोरोना पर चीन का एक और प्रशिक्षण, सहम गए लोग

 

डेस्क। China Covid-19: कोरोना वायरस की तबाही फिर से दुनिया में अपना कद बढ़ा सकती है। इसके लिए चीन ने फिर से तैयारी भी शुरू कर दी है। अभी तक कोरोना संक्रमण ने दुनिया भर के करोड़ों बेगुनाहों को लील भी लिया है। चीन की इस नई चाल से दुनिया भर में हड़कंप मचा हुआ है।

दरअसल, चीन एक नए घातक कोविड जैसे वायरस पर अपना प्रयोग करने में लगा है।

इस वायरस की चपेट में आने से चूहों की मृत्यू दर 100 फीसदी से ज्यादा बताई जा रही है। ऐसे में आशंका जताई जा रही है कि यह वायरस इंसानों के लिए बेहद ही खतरनाक साबित हो सकता है। इस बात का दावा प्री-पीयर रिव्यूड जर्नल में भी किया गया है।

3 जनवरी को बायोरेक्सिव (bioRxiv) पर प्रकाशित एक पेपर में यह दावा किया गया कि चीनी सेना (People’s Liberation Army -PLA) के प्रशिक्षित डॉक्टरों ने पैंगोलिन कोरोनावायरस (pangolin coronavirus) को अपना नया वेरिएंट बनाया है और लैब में बने इस वायरस को GX_P2V नाम दिया गया।

संक्रमित होने के बाद चूहों की मौत

GX_P2V से संक्रमित होने पर चूहों में गंभीर लक्षण दिखाई दिए हैं। संक्रमित होने के 5 दिनों के भीतर चूहों का वजन तेजी से कम होने लग गया। उनके अंदर सुस्ती आने लगी। इसके साथ ही चूहों की आंखें भी सफेद होने लग गई। वायरस की चपेट में आने के 8 दिन के भीतर चूहों की मौत भी हो गई। इससे पता चलता है कि यह वायरस कितना जानलेवा हो सकता है। रिसर्च में ये भी पता चला है कि यह वायरस चूहों के मस्तिष्क, आंखों और फेफड़ों तक फैल चुका था। इसके साथ ही चूहो की मौत के आखिरी दो दिन पहले मस्तिष्क में वायरस का असर काफी प्रबल था।

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वायरस से संक्रमित चूहों में, फेफड़ों में वायरल छठे दिन तक काफी कम हो गया और मस्तिष्क के सैंपल में वायरल RNA लोड (viral RNA loads )और वायरल टाइटर्स (viral titers) दोनों ही तीसरे दिन कम भी थे। लेकिन छठे दिन काफी हद तक बढ़ गया। इस खोज से पता चला संक्रमण के बाद के चरणों के दौरान गंभीर मस्तिष्क संक्रमण इन चूहों की मृत्यु का बड़ा कारण भी हो सकता है।

इंसानों में भी वायरस का खतरा

स्टडी में GX_P2V वायरस के बारे में ये चिंता जताई गई है कि यह इंसानों को भी प्रभावित कर सकता है। चूहों में संक्रमण के बाद मौत हो गई है। रिसर्च करने वाली टीम का ये कहना है कि मौत का कारण देर से होने वाले मस्तिष्क संक्रमण से जुड़ा हुआ हो सकता है। वायरस न केवल चूहों के शरीर में फैल गया था बल्कि मस्तिष्क, आंखों और फेफड़ों जैसे महत्वपूर्ण अंगों तक भी पहुंच चुका था। टीम ने आगे कहा कि SARS-CoV-2 से संबंधित पैंगोलिन कोरोना वायरस hACE2 चूहों में 100 फीसदी मृत्यु का कारण भी बन सकता है। यह GX_P2V के मनुष्यों में भी फैल गया है।

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