Ayushman Bharat Yojana: आज के दौर में जब इलाज का खर्च आसमान छू रहा है, तब भारत सरकार और उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने मिलकर एक ऐसी मिसाल कायम की है जिसकी चर्चा सात समंदर पार तक हो रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने हाल ही में देश की सबसे बड़ी स्वास्थ्य क्रांति ‘आयुष्मान भारत – प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना’ (AB-PMJAY) को लेकर एक ऐसा आंकड़ा पेश किया है, जिसने वैश्विक स्तर पर सबको सोचने पर मजबूर कर दिया है।
Apple Security Advisory: iPhone और MacBook यूजर्स के लिए भारत सरकार का बड़ा अलर्ट
दुनिया हैरान: भारत का ‘हेल्थ मॉडल’ सबसे बेमिसाल
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़े गर्व के साथ कहा कि आज भारत में दुनिया की सबसे बड़ी स्वास्थ्य योजना सफलतापूर्वक चल रही है। उन्होंने रेखांकित किया कि इस योजना के तहत लगभग 55 से 60 करोड़ लोगों को हर साल ₹5 लाख तक के मुफ्त इलाज की सुविधा दी जा रही है। योगी जी ने स्पष्ट किया कि इतनी विशाल आबादी को मुफ्त स्वास्थ्य सुरक्षा प्रदान करना कोई मामूली बात नहीं है। उन्होंने कहा, “इतनी बड़ी आबादी को इस प्रकार की स्वास्थ्य सुरक्षा दुनिया के किसी भी विकसित देश में भी उपलब्ध नहीं है।
गरीबों का ‘जीवन रक्षक’ बना आयुष्मान कार्ड
अक्सर देखा जाता था कि किसी गंभीर बीमारी के आने पर गरीब परिवार कर्ज के बोझ तले दब जाते थे। कई बार तो इलाज के लिए घर और जमीन तक बेचनी पड़ती थी। लेकिन आयुष्मान भारत योजना ने इस डर को हमेशा के लिए खत्म कर दिया है। सीएम योगी के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में इस योजना का लाभ घर-घर तक पहुँचाया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि यह सिर्फ एक सरकारी योजना नहीं है, बल्कि करोड़ों परिवारों के लिए एक ‘जीवन दान’ है।
₹5 लाख का ‘कैशलेस’ इलाज: अब गरीबी नहीं आएगी आड़े
इस योजना की सबसे बड़ी खासियत इसका ‘कैशलेस’ (Cashless Treatment) होना है। योजना के अंतर्गत पात्र लाभार्थी देश के किसी भी सूचीबद्ध सरकारी या निजी अस्पताल में जाकर अपना मुफ्त इलाज करवा सकते हैं। इसमें भर्ती होने से लेकर दवाइयों और टेस्ट तक का खर्च शामिल है। मुख्यमंत्री जी ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति को भी सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधा मिले।
उत्तर प्रदेश बना रहा है नए कीर्तिमान
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने यह भी सुनिश्चित किया है कि उत्तर प्रदेश में इस योजना का कार्यान्वयन मिशन मोड में हो। चाहे वो ‘आयुष्मान कार्ड’ बनाने की रफ्तार हो या अस्पतालों को इस नेटवर्क से जोड़ना, यूपी आज देश में अग्रणी भूमिका निभा रहा है। मुख्यमंत्री का मानना है कि एक स्वस्थ नागरिक ही एक सशक्त राष्ट्र का निर्माण कर सकता है।

