Join WhatsApp
Join NowCM Yogi : सरकारी नौकरी पाना और वो भी ‘खाकी वर्दी’ वाली, आज के समय में हर युवा का सबसे बड़ा सपना होता है। सालों की मेहनत, रातों की नींद खराब करके की गई पढ़ाई और ग्राउंड पर बहाया गया पसीना जब एक ‘नियुक्ति पत्र’ (Joining Letter) के रूप में हाथ में आता है, तो वह खुशी शब्दों में बयां नहीं की जा सकती।
उत्तर प्रदेश के 936 परिवारों के लिए आज का दिन बिल्कुल ऐसा ही किसी बड़े त्योहार से कम नहीं है। राजधानी लखनऊ में आयोजित एक शानदार कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने इन 936 होनहार युवाओं को उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग में नियुक्ति पत्र सौंपे हैं।
आइए, बिल्कुल आसान भाषा में समझते हैं कि ये भर्तियां पुलिस के किस विभाग में हुई हैं, इन पदों का काम क्या होता है और नियुक्ति पत्र बांटते समय सीएम योगी ने यूपी के विकास और रोजगार को लेकर क्या बड़ी बातें कही हैं।
क्या है पूरी खबर? (936 युवाओं को मिली सरकारी नौकरी)
आज लखनऊ में उत्तर प्रदेश सरकार की तरफ से एक खास ‘नियुक्ति-पत्र वितरण कार्यक्रम’ का आयोजन किया गया था। यह कार्यक्रम खास तौर पर उत्तर प्रदेश पुलिस दूरसंचार विभाग (UP Police Telecom Department) के लिए था।
इस दौरान कुल 936 उम्मीदवारों को नियुक्ति पत्र बांटे गए, जिनका चयन ‘प्रधान परिचालक’ (Head Operator) और ‘प्रधान परिचालक- यांत्रिक’ (Head Operator – Mechanical) के पद पर हुआ है। ये वो युवा हैं जिन्होंने अपनी कड़ी मेहनत से लिखित परीक्षा और बाकी प्रक्रियाएं पास की हैं और अब सीधे यूपी पुलिस परिवार का एक अहम हिस्सा बन गए हैं।
पुलिस दूरसंचार विभाग में क्या होता है ‘प्रधान परिचालक’ का काम?
शायद कई लोगों को लगता हो कि पुलिस का काम सिर्फ सड़क पर गश्त लगाना या अपराधियों को पकड़ना होता है। लेकिन ऐसा नहीं है। आज की पुलिस पूरी तरह से तकनीक (Technology) पर निर्भर है।
दूरसंचार विभाग (Telecom Department) पुलिस की ‘रीढ़ की हड्डी’ होता है। जिले के थानों, पुलिस कंट्रोल रूम (Dial 112) और बड़े अधिकारियों के बीच रेडियो, वायरलेस सेट और इंटरनेट के जरिए जो सेकंडों में बातचीत होती है, उसे यही ‘प्रधान परिचालक’ (Head Operators) संभालते हैं। आसान शब्दों में कहें तो पुलिस का कम्युनिकेशन सिस्टम फेल न हो और सूचनाएं तेजी से इधर-उधर पहुंचें, इसकी पूरी तकनीकी जिम्मेदारी इन्हीं पदों पर बैठे लोगों की होती है।
सीएम योगी का बड़ा बयान: ‘कानून का राज विकास की पहली गारंटी’
नियुक्ति पत्र बांटने के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने मंच से युवाओं और वहां मौजूद लोगों को संबोधित किया। अपने भाषण में उन्होंने एक बहुत ही गहरी और काम की बात कही।
सीएम ने कहा— “कानून का राज विकास की पहली गारंटी है।”
इस एक लाइन का मतलब बहुत सीधा है। अगर किसी राज्य या शहर में गुंडागर्दी होगी, चोरी-डकैती होगी, तो क्या वहां कोई भी नया अस्पताल, स्कूल या बड़ी कंपनी खुलेगी? बिल्कुल नहीं। विकास के लिए सबसे पहली शर्त यही होती है कि वहां रहने वाले लोग और वहां काम करने वाले व्यापारी खुद को सुरक्षित महसूस करें। और यह सुरक्षा देने का काम पुलिस बल का ही होता है।
पुलिस भर्ती और विदेशी निवेश (Investment) का आपस में क्या कनेक्शन है?
अक्सर हम सोचते हैं कि पुलिस भर्ती का देश-विदेश के निवेशकों (Investors) से क्या लेना-देना? लेकिन इसका सीधा कनेक्शन है।
मुख्यमंत्री जी ने स्पष्ट किया कि आज यूपी की कानून-व्यवस्था बहुत मजबूत हो गई है। जब देश और दुनिया की बड़ी-बड़ी कंपनियों को यह दिखता है कि उत्तर प्रदेश में अब उन्हें किसी तरह की रंगदारी या गुंडागर्दी का डर नहीं है, तो वे यहां अपनी फैक्ट्रियां लगाने आ रहे हैं।
इसके साथ ही यूपी में अब शानदार और आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर (एक्सप्रेस-वे, एयरपोर्ट आदि) मौजूद है। जब ये निवेशक यहां आकर अपना पैसा लगाते हैं, तो फैक्ट्रियां खुलती हैं। और जब फैक्ट्रियां खुलती हैं, तो सीधे तौर पर हमारे और आपके जैसे लोकल युवाओं को प्राइवेट सेक्टर में हजारों नौकरियां (Jobs) मिलती हैं।
नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए क्या है संदेश?
936 युवाओं को मिली यह नौकरी उन लाखों युवाओं के लिए एक ‘मोटिवेशन’ (Motivation) है, जो अभी अपने कमरों में बैठकर किताबों में सिर खपा रहे हैं।
सरकार का साफ संदेश है कि भर्तियां लगातार हो रही हैं और पूरी पारदर्शिता के साथ हो रही हैं। आपको सिर्फ अपनी तैयारी पर फोकस करना है। आज अगर इन 936 लोगों का नंबर आया है, तो अगर आप मेहनत करते रहे, तो कल उस लिस्ट में आपका नाम भी जरूर होगा।