Pakistan Action Against Afghan Refugee

Pakistan Action Against Afghan Refugee: पाकिस्तान और ईरान द्वारा अफगान प्रवासियों को निर्वासित करने के पीछे कारण

Pakistan Action Against Afghan Refugee: पाकिस्तान और ईरान ने हाल के दिनों में बड़ी संख्या में अफगानी प्रवासी परिवारों को निर्वासित किया है। पाकिस्तान ने 110 अफगान परिवारों को और ईरान ने 564 परिवारों को अपने देश से बाहर निकाल दिया है। यह प्रवासी निर्वासन न केवल मानवीय संकट को जन्म दे रहा है, बल्कि दोनों देशों की नीतियों और रणनीतिक उद्देश्यों पर भी सवाल खड़े कर रहा है।

ईरान में अफगान प्रवासियों की खराब स्थिति

ईरान सरकार ने घोषणा की है कि 21 मार्च, 2025 से अवैध अफगान प्रवासियों को स्वास्थ्य सेवाएं, शिक्षा और अन्य बुनियादी सुविधाओं से वंचित कर दिया जाएगा। इसका सीधा अर्थ यह है कि ईरान में रह रहे अवैध अफगान प्रवासियों के लिए स्थिति और अधिक कठिन होने वाली है। इसके अतिरिक्त, स्थानीय नागरिकों और पुलिस अधिकारियों के बीच प्रवासी-विरोधी भावना बढ़ रही है, जिससे अफगान प्रवासियों का जीवन और कठिन हो गया है।

पाकिस्तान में अफगान प्रवासियों पर दबाव

पाकिस्तान में भी अफगान प्रवासियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है। इस्लामाबाद और रावलपिंडी में बड़े पैमाने पर छापेमारी की गई और कई अफगान नागरिकों को गिरफ्तार किया गया। पाकिस्तान सरकार लगातार अफगान प्रवासियों पर दबाव बना रही है कि वे देश छोड़कर चले जाएं। कई प्रवासी अपने व्यवसाय और संपत्तियां औने-पौने दामों में बेचने के लिए मजबूर हो रहे हैं।

तालिबान पर कार्रवाई क्यों कर रहे हैं पाकिस्तान और ईरान?

पाकिस्तान और ईरान की अफगानिस्तान के तालिबान शासन के साथ संबंध जटिल हैं। दोनों देशों को तालिबान से सुरक्षा संबंधी खतरे हैं। पाकिस्तान में तालिबान से जुड़े आतंकी संगठनों के हमले बढ़ रहे हैं, जबकि ईरान को तालिबान की नीतियों से असहमति है। अफगान प्रवासियों का निर्वासन इन देशों द्वारा तालिबान पर दबाव बनाने का एक तरीका हो सकता है।

अफगान प्रवासियों के प्रति पाकिस्तान और ईरान की कठोर नीति के पीछे सुरक्षा, राजनीतिक और सामाजिक कारण हैं। हालांकि, यह प्रवासी संकट अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मानवीय चिंता का विषय बनता जा रहा है। मानवाधिकार संगठनों ने इन जबरन निर्वासनों के खिलाफ आवाज उठाई है, लेकिन इन देशों की सरकारें अपनी नीतियों को सख्ती से लागू कर रही हैं।

  • पाकिस्तान और ईरान क्यों अफगान प्रवासियों को निशाना बना रहे हैं?
  • क्या यह निर्वासन तालिबान पर दबाव बनाने का एक तरीका है?
  • अफगान शरणार्थियों की स्थिति में सुधार के लिए अंतरराष्ट्रीय समुदाय क्या कर सकता है?

इस स्थिति पर आगे क्या होता है, यह देखना महत्वपूर्ण होगा, लेकिन अभी के लिए, अफगान प्रवासियों के लिए परिस्थितियां लगातार खराब हो रही हैं।